Vande Mataram
प्रभात की कलम से वन्दे मातरम बोलो वन्दे मातरम जय हिन्द जय हिन्द वन्दे मातरम वन्दे मातरम से गूंजे जग सारा वन्दे मातरम है देश का सहारा वन्दे मातरम पे हमको नाज़ है वन्दे मातरम मेरे देश की आवाज़ है वन्दे मातरम मेरे देश की आवाज़ है व कहे विश्व में अकेला हूँ खड़ा दुश्मनो की राह में शूल सा पड़ा न कहे नाज़ हमे अपने वतन पे इसकी सरजमीं और इसके चमन पे द से है दिल जिसमे दम्भ है भरा हिन्दुस्तानी होने का गर्व है बड़ा माँ से भी प्यारी मातृभूमि है मेरी मेरी आत्मा और काया है मेरी म कहे विश्व से मत कर इतना गुरूर तकनीक के नशे में मत हो तू इतना चूर चाहें तो बता दें तुझे क्या तेरी औकात है मेरे सामने तेरी क्या बिसात है त कहे तरंगो में घुली एकता प्रेम और सद्भाव की यहाँ बहे सरिता र कहे रोको ना मुझे पानी हर मंजिल चाहे जाये जान चाहे टूटे मेरा दिल म से है मातृभूमि जिसको मेरा प्रणाम इसकी सुरक्ष...